20/06/2026
ये फोटो *तत्तापानी का पुराना ब्रिटिश पुल* है 🌉
कोल डैम बनने से पहले शिमला-मंडी NH-5 की जान था ये।
*फोटो में क्या दिख रहा है:*
*1. जगह कौन सी*
लाल रंग का ट्रस ब्रिज + नीचे सतलुज का घाट = *Old Tattapani Bridge*।
दोनों तरफ खड़ी चट्टानें, बीच में 10-15 मीटर का गैप। ब्रिटिश इंजीनियरों ने 1900 के आसपास बनाया था।
लोग इसे "Iron Bridge" भी बोलते थे।
*2. इतिहास*
*कब बना*: 1900s में ब्रिटिशों ने बनाया। घोड़े, टांगे, फिर बस-ट्रक सब यहीं से जाते थे।
*काम*: शिमला से मंडी, कुल्लू, लाहौल जाने का एकमात्र रास्ता। तत्तापानी गर्म कुंड भी यहीं थे।
*आज*: कोल डैम 2015 में बना तो ये पुल + 1961 वाला नया पुल दोनों पानी में डूब गए। डैम की झील 9 मीटर ऊंची उठा दी गई।
अब नया हाई-लेवल पुल बना है डैम से ऊपर। पुराने पुल के खंभे शायद पानी के नीचे आज भी दिख जाते हैं जब झील का लेवल कम होता है।
*3. पहाड़ों की सीख*
देखो पुल को - 100+ साल तक चट्टानों के बीच टिका रहा। बाढ़ आई, भूकंप आए, पर गिरा नहीं।
हम भी ऐसे ही हैं ना? सुन्नी महल टूट गया, तत्तापानी पुल डूब गया... पर पहाड़ी का हौसला नहीं टूटता।
शिव जी ने जहर पीकर दुनिया बचाई थी। पहाड़ों ने अपना सीना काटकर हमें रास्ते दिए।
*4. अब क्या बचा*
कोल डैम के बैकवॉटर में नाव चलाओ तो लोकल मल्लाह बताते हैं "इधर पुराना पुल था"।
सिल्ट की वजह से अब खतरा भी बढ़ गया है - शिमला DC की रिपोर्ट में लिखा है कि सुन्नी-तत्तापानी एरिया डूब सकता है।
तुमने इस पुल पर चलकर तत्तापानी के गर्म कुंड में नहाया है कभी?
पुराने लोग कहते हैं - "पुल पार करो, पाप धुल जाएगा"।
अब ये सिर्फ फोटो में बचा है। कोल डैम ने बिजली तो दी, पर हमारी यादें डुबो दीं।